Mahangai per nibandh

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महंगाई का प्रतिदिन तेजी से बढ़ना देश की आम जनता के लिए बहुत गंभीर मुद्दा बनता जा रहा है. महंगाई से हर कोई परेशान है चाहे वो गरीब वर्ग के लोग हो या मध्यम वर्ग के लोग हो. आये दिन किसी न किसी आवश्यक वस्तु की कीमत बढ़ने की खबरे हमारे सामने आती है पेट्रोल, डीजल, सब्जी, अनाज हर चीज़ के दाम तेजी से बढ़ रहे है. महंगाई के इस मुद्दे को सरकार हमेशा दबाए रखने का प्रयास करती है केवल चुनाव के समय ही महंगाई को कम करने के झूठे वादे करती है.

तेजी से बढ़ती इस महंगाई के विभिन्न पहलुओं पर विचार करना आवश्यक है नहीं तो गरीब वर्ग अपने घर का गुज़ारा नहीं कर पायेगा. इस लेख में कमरतोड़ महंगाई पर निबंध लिखा गया है जो सभी कक्षाओं के विद्यार्थियों की परीक्षा के दृष्टिकोण से बहुत उपयोगी है.

कमरतोड़ महंगाई पर निबंध  

Mahangai per nibandh
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आवश्यक वस्तुओं की कीमत में निरंतर वृद्धि को ही महंगाई कहा जाता है. महंगाई हमें अपनी पसंद की सामग्री खरीदने से रोकती है. पिछले कुछ वर्षों में हमने देखा कि पेट्रोल की कीमत कहाँ से कहाँ पहुँच गयी है और अभी भी हर दिन बढ़ती जा रही है. ऐसे बहुत से गरीब लोग है जिनको महंगाई के कारण अपने परिवार का गुज़ारा में मुश्किलों का सामना करना पड़ रहा है.

महंगाई की इस मार ने लोगों को हर तरफ से जकड़ रखा है एक मध्यम वर्गीय परिवार के लोगों की पूरी तनख्वाह एक हाथ में आती है और दूसरे हाथ से चली जाती है वो भविष्य के लिए बचत नहीं कर पाते. दूसरे विश्व युद्ध के बाद महंगाई लगातार बढ़ती आई है. महंगाई लगभग हर देश आंतरिक मुद्दा बना हुआ है और महंगाई ने लोगों के हाथ बांध रखे है.

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कोरोना वायरस महामारी के कारण देश में सभी प्रकार के व्यापार को नुकसान पहुंचा और देश की अर्थव्यवस्था भी डगमगा गयी. जिसके परिणामस्वरूप महंगाई अब और भी तेजी से बढ़ रही है. सरकार ने गरीब महिलाओं को मुफ्त में गैस कनेक्शन दिए थे आज उन्ही महिलाओं के पास सिलेंडर भरवाने के पैसे नहीं है क्योंकि गैस सिलेंडर के भाव आज आसमान छू रहे है.

देश में इस बढ़ती महंगाई के विषय में जब भी सरकार से सवाल किये जाते है सरकार मुँह फेर लेती है. विपक्षी पार्टियां सत्ताधारी पार्टी की सरकार पर निशाने साधती है लेकिन जब यही विपक्षी पार्टियां सत्ता में आती है तो वो महंगाई की इस समस्या के सवालों से भागने का ही प्रयास करती है. इस प्रकार से सरकार चलाने वाले लोग आम नागरिक के साथ खेलते रहते है.

महंगाई बढ़ने के कारण 

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देश की इस बढ़ती कमरतोड़ महंगाई का कोई एक कारण नहीं है बल्की बहुत से कारण मौजूद है. देश में भ्रष्टाचार बहुत फ़ैल चूका है एक व्यापरी कम कीमतों पर सामान ख़रीदता है और उसका भण्डारण कर लेता है. फिर जब बाजार में उस वस्तु की आवक कम होने लगती है तब वो उस वस्तु का मूल्य अपनी इच्छा अनुसार बढा कर बेचता है जिसकी मार आम जनता को झेलनी पढ़ती है.

भारत में मौसम की मार से हर किसान परेशान है कभी बाढ़ आ जाती है तो कभी सूखा पड़ने से फसल ख़त्म हो जाती है फिर बाजार में खाने की वस्तुओं की कीमते अपने आप बढ़ जाती है. मौसम और महंगाई की मार से गरीब किसान अपने परिवार का खर्च भी नहीं चला पा रहा है. 

बाहर से निर्यात किये गए कच्चे माल पर सरकार के द्वारा टैक्स बढ़ाने से व्यापारी भी मुनाफा कमाने के लिए उस वस्तु की कीमत को बढ़ा कर बाजार में बेचते है जिसके परिणामस्वरूप महंगाई की मार झेलनी पड़ रही है. बाजार में डिमांड और सप्लाई के बीच में अंतर भी महंगाई के बढ़ने के लिए जिम्मेदार है.

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देश में जनसँख्या वृद्धि भी महंगाई के बढ़ने की पीछे जिम्मेदार है भारत की जनसँख्या बहुत तेजी से बढ़ रही है अगर यही चलता रहा तो भारत जनसँख्या के मामले में विश्व में प्रथम स्थान पर पहुँच जायेगा और फिर महंगाई और बहुत सारी समस्याएँ उत्पन्न हो सकती है. जनसँख्या वृद्धि के कारण वस्तुओं की मांग तेजी से बढ़ रही है जिससे वस्तुओं का मूल्य बढ़ना स्वाभाविक है.

देश के किसानों के लिए सिंचाई सुविधा का अभाव है जिसकी वजह से फसल का उत्पादन नहीं हो पाता, मौसम में तेजी से बदलाव होने के कारण कभी कभी बिना मौसम के बारिश हो जाती है और कभी तो वर्षा ऋतु में भी बहुत कम बारिश होती है जिसके कारण खेत में फसल को उचित जल आपूर्ति नहीं होती है.

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महंगाई कम करने के उपाय 

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महंगाई को कम करने के लिए सरकार को महंगाई बढ़ने के कारणों को ध्यान में रखकर कुछ महत्वपूर्ण कदम उठाने की आवश्यकता है. सबसे पहले भ्रष्टाचार को इस देश से जड़ से ख़त्म करना होगा इसके लिए सरकार को सख्त कानून बनाने चाहिए ताकि कोई भी व्यापारी आवशयक वस्तुओं का भण्डारण नहीं कर सके. जो भी व्यापारी ऐसा करता है उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई होनी चाहिए.

जनसंख्या में हो रही तेजी से वृद्धि की इस दर पर नियंत्रण करने के लिए सरकार को उचित कदम उठाने चाहिए. लोगों को जनसंख्या नियंत्रण के बारे में जानकारी देनी चाहिए. जो भी लोग सरकारी दफ्तरों में काम कर रहे है उनके अधिक बच्चे पैदा करने पर रोक लगाने की आवश्यकता है.

सरकार को किसानों के लिए लोन, सिंचाई और खेती के उपयोग में आने वाली अन्य सामग्री को उपलब्ध कराना चाहिए ताकि समय पर फसल को पानी मिल सके और फसल नष्ट न हो. फसल की पैदावार बढ़ाने के लिए किसान उचित संसाधन मुहैया कराये जाने चाहिए.  

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निष्कर्ष

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महंगाई बहुत बड़ी समस्या है गरीब और कुछ मध्यम वर्ग के लोगों के लिए पहनने के लिए कपडे खरीदना भी मुश्किल हो रहा है. सोने और चाँदी के भाव इतने बढ़ चुके है कि लोग अपने बच्चों की शादी कराने से भी परेशान है. कहीं सफर करने के बारे में भी चार बार सोचना पड़ता है क्योंकि पेट्रोल और डीजल के दाम तो आसमान छू चुके है. जनता को महंगाई की इस समस्या को कम करने के लिए जनसंख्या नियंत्रण में अपना योगदान देना चाहिए.

यह हर नागरिक की जिम्मेदारी है कि देश हित में काम करे कभी भ्रष्टाचार नहीं करे और जो भ्रष्टाचार करता है उसके बारे में प्रशासन को सूचित करें. जनता का यह अधिकार भी है कि वो इस कमरतोड़ महंगाई के विषय पर सरकार से सवाल जरूर पूछे. छोटे छोटे कदम ही तेजी से बढ़ रही इस कमरतोड़ महंगाई को कम कर सकते है. 

By admin

A professional blogger, Since 2016, I have worked on 100+ different blogs. Now, I am a CEO at Speech Hindi...

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